Newsleaders : सही मार्गदर्शन से फिर जुड़ा परिवार, वन स्टॉप सखी सेंटर बड़वानी की सराहनीय पहल, देखिए लीडर्स

Newsleaders : सही मार्गदर्शन से फिर जुड़ा परिवार, वन स्टॉप सखी सेंटर बड़वानी की सराहनीय पहल, देखिए लीडर्स
बड़वानी : न्यूज लीडर्स
वन स्टॉप सखी सेंटर बड़वानी ने एक बार फिर अपनी संवेदनशील और प्रभावी सेवाओं से एक महिला का जीवन बचाते हुए उसके टूटे हुए परिवार को फिर से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। सेंटर ने न केवल संकट में घिरी महिला को आत्महत्या जैसे गंभीर कदम से बचाया, बल्कि काउंसलिंग और परिवारिक मध्यस्थता के माध्यम से उसे सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन की ओर वापस लौटाया।

●》संकट में घिरी महिला को मिला सुरक्षित हाथ.》》
07 अक्टूबर 2025 को विधि सेवा प्राधिकरण के माध्यम से एक महिला, परिवर्तित नाम: काजल पाटीदार, पति सचिन पाटीदार—को अस्थाई आश्रय के लिए वन स्टॉप सेंटर लाया गया।
काजल मानसिक रूप से अत्यधिक तनाव में थीं और उन्होंने बताया कि पति के निरंतर विवाद और संदेह के कारण वह आत्महत्या की स्थिति तक पहुँच गई थीं। दो माह से वे अपने मायके में रह रही थीं और भावनात्मक रूप से पूरी तरह टूट चुकी थीं।

●》वन स्टॉप सेंटर की मदद, सुरक्षित आश्रय, रोजाना काउंसलिंग.》》
सेंटर की टीम ने तुरंत गहन सहायता प्रक्रिया शुरू की, जिसमें शामिल थे—
● सुरक्षित आश्रय
काजल को लगातार 6 दिनों तक सेंटर में सुरक्षित रखा गया।
● दैनिक व्यक्तिगत काउंसलिंग
उनके आत्मविश्वास को फिर से मजबूत करने, नकारात्मक विचारों को कम करने और जीवन को नई दृष्टि देने पर विशेष फोकस किया गया।
● पारिवारिक मध्यस्थता
पति और ससुराल पक्ष को बुलाकर दोनों पक्षों के मुद्दों को समझने और सुलझाने के प्रयास किए गए।
● सफल समझौता
सेंटर की मध्यस्थता से पति सचिन पाटीदार और परिवारजनों ने लिखित रूप से सम्मान, विश्वास और सकारात्मक माहौल का वचन दिया। इसके बाद काजल को ससम्मान उनके ससुराल भेजा गया।

●》बार-बार फॉलो-अप से सफल हुआ परिवारिक पुनर्मिलन.》》
सेंटर टीम ने तीन बार फॉलो-अप कर यह सुनिश्चित किया कि समझौता लागू हो रहा है और महिला सुरक्षित तथा संतुष्ट है।
●》एक मिसाल, संवेदनशीलता और प्रोफेशनल काउंसलिंग की शक्ति.》》
वन स्टॉप सखी सेंटर बड़वानी ने साबित किया है कि समय रहते उचित मानसिक, कानूनी और सामाजिक सहयोग मिले तो न केवल किसी महिला का जीवन बचाया जा सकता है, बल्कि एक टूटे हुए परिवार को भी प्रेम और विश्वास के साथ दोबारा जोड़ा जा सकता है। यह घटना जिले में महिलाओं की सुरक्षा, सहायता और पुनर्वास के मॉडल के रूप में मिसाल पेश करती है।




