सेंधवा सीएम राइज स्कूल में छज्जा गिरा : दो छात्राएं घायल, विधायक मोंटू सोलंकी ने शिक्षा विभाग पर लगाया लापरवाही का आरोप
सेंधवा सीएम राइज स्कूल में छज्जा गिरा : दो छात्राएं घायल, विधायक मोंटू सोलंकी ने शिक्षा विभाग पर लगाया लापरवाही का आरोप
न्यूज़ लीडर्स : सेंधवा
सेंधवा के शासकीय सांदीपनि उत्कृष्ट माध्यमिक विद्यालय सीएम राइज स्कूल में मंगलवार सुबह कक्षा के दौरान जर्जर भवन के छज्जे का एक हिस्सा अचानक गिर गया। हादसे में कक्षा 9वीं की दो छात्राएं घायल हो गईं। घटना के समय कक्षा में अन्य छात्र-छात्राएं भी मौजूद थे। दोनों घायल छात्राओं को तत्काल सेंधवा सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के बाद चिकित्सकों ने उन्हें खतरे से बाहर बताया है।

▪️विधायक बोले— यह हादसा नहीं, शिक्षा विभाग की लापरवाही का परिणाम.
सेंधवा विधायक मोंटू सोलंकी ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि यह प्राकृतिक दुर्घटना नहीं, बल्कि शिक्षा विभाग की गंभीर लापरवाही और उदासीनता का परिणाम है। उनका कहना है कि यदि जर्जर स्कूल भवनों को लेकर समय पर कार्रवाई की जाती तो इस घटना को टाला जा सकता था।

▪️एक दिन पहले ही दिए थे जर्जर स्कूलों के सर्वे के निर्देश.
विधायक ने बताया कि 6 जुलाई 2026 को उन्होंने ब्लॉक शिक्षा अधिकारी बीओ श्री सोहनी को सेंधवा विधानसभा क्षेत्र के सभी जर्जर एवं क्षतिग्रस्त स्कूल भवनों का तत्काल सर्वे कराने के निर्देश दिए थे। उन्होंने कहा था कि पूरी तरह जर्जर भवनों को हटाकर नए भवन बनाए जाएं तथा जिन भवनों की मरम्मत संभव है, उनकी तत्काल रिपेयरिंग कराई जाए।

▪️जिला शिक्षा अधिकारी से भी की थी चर्चा.
मोंटू सोलंकी ने बताया कि उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी से भी दूरभाष पर चर्चा कर स्पष्ट कहा था कि जर्जर भवनों में बच्चों को बैठाना बेहद जोखिमपूर्ण है और इससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। इसके बावजूद विभाग ने आवश्यक कार्रवाई नहीं की।

▪️दो बार लिखित पत्र भेजने का भी दावा.
विधायक का कहना है कि उन्होंने केवल मौखिक निर्देश ही नहीं दिए, बल्कि शिक्षा विभाग और जिला कलेक्टर को दो बार लिखित पत्र भेजकर सेंधवा विधानसभा क्षेत्र के जर्जर विद्यालय भवनों की मरम्मत, पुनर्निर्माण और विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग भी की थी। उनका आरोप है कि इन पत्रों पर भी समय पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

▪️पाड़छा स्कूल का उदाहरण देकर उठाए सवाल?.
विधायक ने ग्राम पाड़छा के शासकीय प्राथमिक विद्यालय का उदाहरण देते हुए कहा कि जुलाई 2024 में जर्जर भवन को तोड़ दिया गया था, लेकिन आज तक वहां नया विद्यालय भवन नहीं बनाया गया। इसके कारण बच्चों को वैकल्पिक व्यवस्था में पढ़ाई करनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि ऐसे कई विद्यालय आज भी भवन निर्माण की प्रतीक्षा कर रहे हैं।

▪️जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग.
मोंटू सोलंकी ने कहा कि विद्यार्थियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने जिले के सभी जर्जर विद्यालय भवनों का तत्काल सर्वे कर मरम्मत और नए भवनों के निर्माण की मांग की है। साथ ही इस घटना के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने की भी मांग की।


▪️और अंत में.
समय रहते नहीं चेते तो हो सकते हैं बड़े हादसे
विधायक ने कहा कि यदि प्रशासन और शिक्षा विभाग अब भी नहीं चेते तो भविष्य में इससे भी बड़े हादसे हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि सेंधवा विधानसभा के प्रत्येक विद्यार्थी को सुरक्षित वातावरण में शिक्षा मिले, इसके लिए वे लगातार प्रयास करते रहेंगे।
